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▣ आज का पंचांग
दैनिक वैदिक पंचांग

10 नवंबर 1919 का पंचांग, सोमवार

दिन का पंचांग

हिन्दू पंचांग के अनुसार 10 नवंबर 1919, सोमवार को मार्गशीर्ष मास के कृष्ण पक्ष की तृतीया तिथि है। विक्रम संवत 1976 (अंगिरा संवत्सर) और शक संवत 1841 (सिद्धार्थि संवत्सर) चल रहा है।

तिथि तृतीया 06:20 PM तक, इसके बाद चतुर्थी अगले सूर्योदय तक जारी। नक्षत्र रोहिणी 07:05 AM तक, इसके बाद मृगशिरा 11 नवंबर, 4:34 AM तक, इसके बाद आर्द्रा अगले सूर्योदय तक जारी। योग शिव 09:20 PM तक, इसके बाद सिद्ध अगले सूर्योदय तक जारी। करण वणिज 07:59 AM तक, इसके बाद विष्टि (भद्रा) 06:19 PM तक, इसके बाद बव 11 नवंबर, 4:44 AM तक, इसके बाद बालव अगले सूर्योदय तक जारी।

10 नवंबर 1919, सोमवार को राहु काल 08:06 AM–09:29 AM तक है। चन्द्रमा वृषभ राशि में संचार करेगा। सूर्योदय 06:44 AM और सूर्यास्त 05:46 PM है।

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सोमवार

पंचांग 10/11/1919 • November 10, 1919

मार्गशीर्ष · कृष्ण पक्ष
सूर्योदय06:44 AM
सूर्यास्त05:46 PM
चन्द्रोदय—
चन्द्रास्त08:10 PM
अयनदक्षिणायन
द्रिक ऋतुशरद
धर्म और परंपरा

10 नवंबर 1919 के व्रत और त्योहार

इस तारीख के लिए कोई प्रमुख व्रत-त्योहार सूचीबद्ध नहीं है।

नोट: व्रत-त्योहार का पालन क्षेत्र, परंपरा और सूर्योदय-आधारित तिथि के अनुसार अलग हो सकता है।

हिन्दू कैलेंडर और राशि

विक्रम संवत 1976, शक संवत 1841, अमांत मास कार्तिक, पूर्णिमांत मास मार्गशीर्ष और सौर मास तुला।

सूर्य राशि तुला, चंद्र राशि वृषभ, अधिक मास नहीं।

शुभ और अशुभ समय

शुभ समय

अभिजीत मुहूर्त11:52 AM–12:36 PM

ब्रह्म मुहूर्त05:00 AM–05:52 AM

निशीथ काल11:49 PM–12:41 AM

अशुभ काल

राहु काल08:06 AM–09:29 AM

यमगण्ड10:52 AM–12:15 PM

गुलिक काल01:37 PM–03:00 PM

आज के विशेष योग और संकेत

अमृत सिद्धि योग: नहीं · सर्वार्थ सिद्धि योग: हाँ · गुरु पुष्य योग: नहीं · रवि पुष्य योग: नहीं।

पंचक: नहीं · भद्रा: नहीं · दिशा शूल: पूर्व।

दिन के पाँच काल

प्रातःकाल 06:44 AM–08:56 AMसंगव 08:56 AM–11:08 AMमध्याह्न 11:08 AM–01:21 PMअपराह्न 01:21 PM–03:33 PMसायाह्न 03:33 PM–05:45 PM

चौघड़िया

शुभ कार्य के लिए हरे और नीले चौघड़िया उपयोगी माने जाते हैं। लाल और काले समय में महत्वपूर्ण कार्य शुरू करने से बचें।

चौघड़िया आरंभ समाप्त
अमृत
काल
शुभ
रोग
उद्वेग
चर
लाभ
अमृत
अति शुभ शुभ अशुभ वेला (अशुभ)

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10 नवंबर 1919 के पंचांग से जुड़े सवाल

10 नवंबर 1919 को कौन-सी तिथि है?

मार्गशीर्ष कृष्ण पक्ष तृतीया 06:20 PM तक है, इसके बाद चतुर्थी तिथि रहेगी।

10 नवंबर 1919 को राहु काल कब है?

Bhilwara, Rajasthan, India में राहु काल 08:06 AM से 09:29 AM तक है।

10 नवंबर 1919 के व्रत और त्योहार कौन-से हैं?

इस दिन कोई प्रमुख व्रत-त्योहार सूचीबद्ध नहीं है। स्थानीय परंपरा के अनुसार अंतर हो सकता है।

पंचांग में स्थान क्यों जरूरी है?

सूर्योदय, सूर्यास्त, राहु काल, चौघड़िया और मुहूर्त स्थान के अक्षांश, देशांतर और समय क्षेत्र के अनुसार बदलते हैं। यह पंचांग Bhilwara, Rajasthan, India के लिए है।

ग्रह होरा के 24 काल देखें
चंद्र 06:44 AM–07:44 AMशनि 07:44 AM–08:44 AMगुरु 08:44 AM–09:44 AMमंगल 09:44 AM–10:44 AMसूर्य 10:44 AM–11:44 AMशुक्र 11:44 AM–12:44 PMबुध 12:44 PM–01:44 PMचंद्र 01:44 PM–02:44 PMशनि 02:44 PM–03:44 PMगुरु 03:44 PM–04:44 PMमंगल 04:44 PM–05:44 PMसूर्य 05:44 PM–06:44 PMशुक्र 06:44 PM–07:44 PMबुध 07:44 PM–08:44 PMचंद्र 08:44 PM–09:44 PMशनि 09:44 PM–10:44 PMगुरु 10:44 PM–11:44 PMमंगल 11:44 PM–12:44 AMसूर्य 12:44 AM–01:44 AMशुक्र 01:44 AM–02:44 AMबुध 02:44 AM–03:44 AMचंद्र 03:44 AM–04:45 AMशनि 04:45 AM–05:45 AMगुरु 05:45 AM–06:45 AM
गणना संदर्भ

मध्याह्न 12:15 PM · निर्देशांक 25.470994, 74.696132 · Lahiri ayanamsha 22.733665°