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▣ आज का पंचांग
दैनिक वैदिक पंचांग

11 दिसंबर 1905 का पंचांग, सोमवार

दिन का पंचांग

हिन्दू पंचांग के अनुसार 11 दिसंबर 1905, सोमवार को मार्गशीर्ष मास के शुक्ल पक्ष की पूर्णिमा तिथि है। विक्रम संवत 1962 (कालयुक्त संवत्सर) और शक संवत 1827 (विश्वावसु संवत्सर) चल रहा है।

तिथि पूर्णिमा 12 दिसंबर, 4:45 AM तक, इसके बाद प्रतिपदा अगले सूर्योदय तक जारी। नक्षत्र रोहिणी 10:04 PM तक, इसके बाद मृगशिरा अगले सूर्योदय तक जारी। योग साध्य 12 दिसंबर, 4:28 AM तक, इसके बाद शुभ अगले सूर्योदय तक जारी। करण विष्टि (भद्रा) 03:54 PM तक, इसके बाद बव 12 दिसंबर, 4:43 AM तक, इसके बाद बालव अगले सूर्योदय तक जारी।

11 दिसंबर 1905, सोमवार को राहु काल 08:17 AM–09:36 AM तक है। चन्द्रमा वृषभ राशि में संचार करेगा। सूर्योदय 06:58 AM और सूर्यास्त 05:33 PM है।

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सोमवार

पंचांग 11/12/1905 • December 11, 1905

मार्गशीर्ष · शुक्ल पक्ष
सूर्योदय06:58 AM
सूर्यास्त05:33 PM
चन्द्रोदय06:06 AM
चन्द्रास्त05:20 PM
अयनदक्षिणायन
द्रिक ऋतुशरद
धर्म और परंपरा

11 दिसंबर 1905 के व्रत और त्योहार

पूर्णिमा व्रत

इस दिन से जुड़ा पारंपरिक व्रत या उत्सव।

नोट: व्रत-त्योहार का पालन क्षेत्र, परंपरा और सूर्योदय-आधारित तिथि के अनुसार अलग हो सकता है।

हिन्दू कैलेंडर और राशि

विक्रम संवत 1962, शक संवत 1827, अमांत मास मार्गशीर्ष, पूर्णिमांत मास मार्गशीर्ष और सौर मास वृश्चिक।

सूर्य राशि वृश्चिक, चंद्र राशि वृषभ, अधिक मास नहीं।

शुभ और अशुभ समय

शुभ समय

अभिजीत मुहूर्त11:54 AM–12:36 PM

ब्रह्म मुहूर्त05:10 AM–06:04 AM

निशीथ काल11:48 PM–12:42 AM

अशुभ काल

राहु काल08:17 AM–09:36 AM

यमगण्ड10:56 AM–12:15 PM

गुलिक काल01:34 PM–02:54 PM

आज के विशेष योग और संकेत

अमृत सिद्धि योग: नहीं · सर्वार्थ सिद्धि योग: हाँ · गुरु पुष्य योग: नहीं · रवि पुष्य योग: नहीं।

पंचक: नहीं · भद्रा: हाँ · दिशा शूल: पूर्व।

दिन के पाँच काल

प्रातःकाल 06:57 AM–09:04 AMसंगव 09:04 AM–11:11 AMमध्याह्न 11:11 AM–01:18 PMअपराह्न 01:18 PM–03:25 PMसायाह्न 03:25 PM–05:32 PM

चौघड़िया

शुभ कार्य के लिए हरे और नीले चौघड़िया उपयोगी माने जाते हैं। लाल और काले समय में महत्वपूर्ण कार्य शुरू करने से बचें।

चौघड़िया आरंभ समाप्त
अमृत
काल
शुभ
रोग
उद्वेग
चर
लाभ
अमृत
अति शुभ शुभ अशुभ वेला (अशुभ)

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11 दिसंबर 1905 के पंचांग से जुड़े सवाल

11 दिसंबर 1905 को कौन-सी तिथि है?

मार्गशीर्ष शुक्ल पक्ष पूर्णिमा 04:44 AM तक है, इसके बाद प्रतिपदा तिथि रहेगी।

11 दिसंबर 1905 को राहु काल कब है?

Bhilwara, Rajasthan, India में राहु काल 08:17 AM से 09:36 AM तक है।

11 दिसंबर 1905 के व्रत और त्योहार कौन-से हैं?

इस दिन पूर्णिमा व्रत सूचीबद्ध हैं। स्थानीय परंपरा और स्थान के अनुसार पालन में अंतर हो सकता है।

पंचांग में स्थान क्यों जरूरी है?

सूर्योदय, सूर्यास्त, राहु काल, चौघड़िया और मुहूर्त स्थान के अक्षांश, देशांतर और समय क्षेत्र के अनुसार बदलते हैं। यह पंचांग Bhilwara, Rajasthan, India के लिए है।

ग्रह होरा के 24 काल देखें
चंद्र 06:57 AM–07:58 AMशनि 07:58 AM–08:58 AMगुरु 08:58 AM–09:58 AMमंगल 09:58 AM–10:58 AMसूर्य 10:58 AM–11:58 AMशुक्र 11:58 AM–12:58 PMबुध 12:58 PM–01:58 PMचंद्र 01:58 PM–02:58 PMशनि 02:58 PM–03:58 PMगुरु 03:58 PM–04:58 PMमंगल 04:58 PM–05:58 PMसूर्य 05:58 PM–06:58 PMशुक्र 06:58 PM–07:58 PMबुध 07:58 PM–08:58 PMचंद्र 08:58 PM–09:58 PMशनि 09:58 PM–10:58 PMगुरु 10:58 PM–11:58 PMमंगल 11:58 PM–12:58 AMसूर्य 12:58 AM–01:58 AMशुक्र 01:58 AM–02:58 AMबुध 02:58 AM–03:58 AMचंद्र 03:58 AM–04:58 AMशनि 04:58 AM–05:58 AMगुरु 05:58 AM–06:58 AM
गणना संदर्भ

मध्याह्न 12:15 PM · निर्देशांक 25.470994, 74.696132 · Lahiri ayanamsha 22.539423°