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▣ आज का पंचांग
दैनिक वैदिक पंचांग

11 मई 1904 का पंचांग, बुधवार

दिन का पंचांग

हिन्दू पंचांग के अनुसार 11 मई 1904, बुधवार को ज्येष्ठ मास के कृष्ण पक्ष की एकादशी तिथि है। विक्रम संवत 1961 (पिंगल संवत्सर) और शक संवत 1826 (क्रोधी संवत्सर) चल रहा है।

तिथि एकादशी 01:31 PM तक, इसके बाद द्वादशी अगले सूर्योदय तक जारी। नक्षत्र उत्तर भाद्रपद 12 मई, 3:21 AM तक, इसके बाद रेवती अगले सूर्योदय तक जारी। योग विष्कुम्भ 12 मई, 12:30 AM तक, इसके बाद प्रीति अगले सूर्योदय तक जारी। करण बालव 01:30 PM तक, इसके बाद कौलव 12 मई, 2:23 AM तक, इसके बाद तैतिल अगले सूर्योदय तक जारी।

11 मई 1904, बुधवार को राहु काल 12:18 PM–01:58 PM तक है। चन्द्रमा मीन राशि में संचार करेगा। सूर्योदय 05:39 AM और सूर्यास्त 06:58 PM है।

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बुधवार

पंचांग 11/05/1904 • May 11, 1904

ज्येष्ठ · कृष्ण पक्ष
सूर्योदय05:39 AM
सूर्यास्त06:58 PM
चन्द्रोदय—
चन्द्रास्त—
अयनउत्तरायण
द्रिक ऋतुवसन्त
धर्म और परंपरा

11 मई 1904 के व्रत और त्योहार

एकादशी व्रत

इस दिन से जुड़ा पारंपरिक व्रत या उत्सव।

नोट: व्रत-त्योहार का पालन क्षेत्र, परंपरा और सूर्योदय-आधारित तिथि के अनुसार अलग हो सकता है।

हिन्दू कैलेंडर और राशि

विक्रम संवत 1961, शक संवत 1826, अमांत मास वैशाख, पूर्णिमांत मास ज्येष्ठ और सौर मास मेष।

सूर्य राशि मेष, चंद्र राशि मीन, अधिक मास नहीं।

शुभ और अशुभ समय

शुभ समय

अभिजीत मुहूर्त11:52 AM–12:45 PM

ब्रह्म मुहूर्त04:13 AM–04:56 AM

निशीथ काल11:57 PM–12:39 AM

अशुभ काल

राहु काल12:18 PM–01:58 PM

यमगण्ड07:18 AM–08:58 AM

गुलिक काल10:38 AM–12:18 PM

आज के विशेष योग और संकेत

अमृत सिद्धि योग: नहीं · सर्वार्थ सिद्धि योग: नहीं · गुरु पुष्य योग: नहीं · रवि पुष्य योग: नहीं।

पंचक: हाँ · भद्रा: नहीं · दिशा शूल: उत्तर।

दिन के पाँच काल

प्रातःकाल 05:39 AM–08:19 AMसंगव 08:19 AM–10:58 AMमध्याह्न 10:58 AM–01:38 PMअपराह्न 01:38 PM–04:18 PMसायाह्न 04:18 PM–06:57 PM

चौघड़िया

शुभ कार्य के लिए हरे और नीले चौघड़िया उपयोगी माने जाते हैं। लाल और काले समय में महत्वपूर्ण कार्य शुरू करने से बचें।

चौघड़िया आरंभ समाप्त
लाभ
अमृत
काल
शुभ
रोग
उद्वेग
चर
लाभ
अति शुभ शुभ अशुभ वेला (अशुभ)

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11 मई 1904 के पंचांग से जुड़े सवाल

11 मई 1904 को कौन-सी तिथि है?

ज्येष्ठ कृष्ण पक्ष एकादशी 01:31 PM तक है, इसके बाद द्वादशी तिथि रहेगी।

11 मई 1904 को राहु काल कब है?

Bhilwara, Rajasthan, India में राहु काल 12:18 PM से 01:58 PM तक है।

11 मई 1904 के व्रत और त्योहार कौन-से हैं?

इस दिन एकादशी व्रत सूचीबद्ध हैं। स्थानीय परंपरा और स्थान के अनुसार पालन में अंतर हो सकता है।

पंचांग में स्थान क्यों जरूरी है?

सूर्योदय, सूर्यास्त, राहु काल, चौघड़िया और मुहूर्त स्थान के अक्षांश, देशांतर और समय क्षेत्र के अनुसार बदलते हैं। यह पंचांग Bhilwara, Rajasthan, India के लिए है।

ग्रह होरा के 24 काल देखें
बुध 05:39 AM–06:39 AMचंद्र 06:39 AM–07:39 AMशनि 07:39 AM–08:39 AMगुरु 08:39 AM–09:39 AMमंगल 09:39 AM–10:39 AMसूर्य 10:39 AM–11:39 AMशुक्र 11:39 AM–12:39 PMबुध 12:39 PM–01:39 PMचंद्र 01:39 PM–02:39 PMशनि 02:39 PM–03:39 PMगुरु 03:39 PM–04:39 PMमंगल 04:39 PM–05:39 PMसूर्य 05:39 PM–06:39 PMशुक्र 06:39 PM–07:39 PMबुध 07:39 PM–08:39 PMचंद्र 08:39 PM–09:39 PMशनि 09:39 PM–10:39 PMगुरु 10:39 PM–11:38 PMमंगल 11:38 PM–12:38 AMसूर्य 12:38 AM–01:38 AMशुक्र 01:38 AM–02:38 AMबुध 02:38 AM–03:38 AMचंद्र 03:38 AM–04:38 AMशनि 04:38 AM–05:38 AM
गणना संदर्भ

मध्याह्न 12:18 PM · निर्देशांक 25.470994, 74.696132 · Lahiri ayanamsha 22.517293°