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▣ आज का पंचांग
दैनिक वैदिक पंचांग

2 सितंबर 1903 का पंचांग, बुधवार

दिन का पंचांग

हिन्दू पंचांग के अनुसार 2 सितंबर 1903, बुधवार को भाद्रपद मास के शुक्ल पक्ष की एकादशी तिथि है। विक्रम संवत 1960 (नल संवत्सर) और शक संवत 1825 (शोभकृत संवत्सर) चल रहा है।

तिथि एकादशी 08:48 PM तक, इसके बाद द्वादशी अगले सूर्योदय तक जारी। नक्षत्र पूर्वाषाढ़ा 05:11 PM तक, इसके बाद उत्तराषाढ़ा अगले सूर्योदय तक जारी। योग आयुष्मान 11:37 AM तक, इसके बाद सौभाग्य अगले सूर्योदय तक जारी। करण वणिज 07:34 AM तक, इसके बाद विष्टि (भद्रा) 08:46 PM तक, इसके बाद बव अगले सूर्योदय तक जारी।

2 सितंबर 1903, बुधवार को राहु काल 12:22 PM–01:57 PM तक है। चन्द्रमा धनु राशि में संचार करेगा। सूर्योदय 06:03 AM और सूर्यास्त 06:42 PM है।

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बुधवार

पंचांग 02/09/1903 • September 2, 1903

भाद्रपद · शुक्ल पक्ष
सूर्योदय06:03 AM
सूर्यास्त06:42 PM
चन्द्रोदय01:55 AM
चन्द्रास्त—
अयनदक्षिणायन
द्रिक ऋतुवर्षा
धर्म और परंपरा

2 सितंबर 1903 के व्रत और त्योहार

एकादशी व्रत

इस दिन से जुड़ा पारंपरिक व्रत या उत्सव।

नोट: व्रत-त्योहार का पालन क्षेत्र, परंपरा और सूर्योदय-आधारित तिथि के अनुसार अलग हो सकता है।

हिन्दू कैलेंडर और राशि

विक्रम संवत 1960, शक संवत 1825, अमांत मास भाद्रपद, पूर्णिमांत मास भाद्रपद और सौर मास सिंह।

सूर्य राशि सिंह, चंद्र राशि धनु, अधिक मास नहीं।

शुभ और अशुभ समय

शुभ समय

अभिजीत मुहूर्त11:56 AM–12:47 PM

ब्रह्म मुहूर्त04:31 AM–05:17 AM

निशीथ काल11:59 PM–12:45 AM

अशुभ काल

राहु काल12:22 PM–01:57 PM

यमगण्ड07:37 AM–09:12 AM

गुलिक काल10:47 AM–12:22 PM

आज के विशेष योग और संकेत

अमृत सिद्धि योग: नहीं · सर्वार्थ सिद्धि योग: नहीं · गुरु पुष्य योग: नहीं · रवि पुष्य योग: नहीं।

पंचक: नहीं · भद्रा: नहीं · दिशा शूल: उत्तर।

दिन के पाँच काल

प्रातःकाल 06:02 AM–08:34 AMसंगव 08:34 AM–11:06 AMमध्याह्न 11:06 AM–01:38 PMअपराह्न 01:38 PM–04:10 PMसायाह्न 04:10 PM–06:42 PM

चौघड़िया

शुभ कार्य के लिए हरे और नीले चौघड़िया उपयोगी माने जाते हैं। लाल और काले समय में महत्वपूर्ण कार्य शुरू करने से बचें।

चौघड़िया आरंभ समाप्त
लाभ
अमृत
काल
शुभ
रोग
उद्वेग
चर
लाभ
अति शुभ शुभ अशुभ वेला (अशुभ)

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2 सितंबर 1903 के पंचांग से जुड़े सवाल

2 सितंबर 1903 को कौन-सी तिथि है?

भाद्रपद शुक्ल पक्ष एकादशी 08:48 PM तक है, इसके बाद द्वादशी तिथि रहेगी।

2 सितंबर 1903 को राहु काल कब है?

Bhilwara, Rajasthan, India में राहु काल 12:22 PM से 01:57 PM तक है।

2 सितंबर 1903 के व्रत और त्योहार कौन-से हैं?

इस दिन एकादशी व्रत सूचीबद्ध हैं। स्थानीय परंपरा और स्थान के अनुसार पालन में अंतर हो सकता है।

पंचांग में स्थान क्यों जरूरी है?

सूर्योदय, सूर्यास्त, राहु काल, चौघड़िया और मुहूर्त स्थान के अक्षांश, देशांतर और समय क्षेत्र के अनुसार बदलते हैं। यह पंचांग Bhilwara, Rajasthan, India के लिए है।

ग्रह होरा के 24 काल देखें
बुध 06:02 AM–07:02 AMचंद्र 07:02 AM–08:02 AMशनि 08:02 AM–09:02 AMगुरु 09:02 AM–10:02 AMमंगल 10:02 AM–11:02 AMसूर्य 11:02 AM–12:02 PMशुक्र 12:02 PM–01:02 PMबुध 01:02 PM–02:02 PMचंद्र 02:02 PM–03:02 PMशनि 03:02 PM–04:02 PMगुरु 04:02 PM–05:02 PMमंगल 05:02 PM–06:02 PMसूर्य 06:02 PM–07:02 PMशुक्र 07:02 PM–08:02 PMबुध 08:02 PM–09:02 PMचंद्र 09:02 PM–10:02 PMशनि 10:02 PM–11:02 PMगुरु 11:02 PM–12:02 AMमंगल 12:02 AM–01:02 AMसूर्य 01:02 AM–02:02 AMशुक्र 02:02 AM–03:02 AMबुध 03:02 AM–04:02 AMचंद्र 04:02 AM–05:02 AMशनि 05:02 AM–06:02 AM
गणना संदर्भ

मध्याह्न 12:22 PM · निर्देशांक 25.470994, 74.696132 · Lahiri ayanamsha 22.507661°